नई दिल्ली: इन्डियन क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने विराट कोहली को पहले टेस्ट में मिली हार के बाद एक अहम सलाह दी। भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ियों ने विपरित परिस्थिति में भी इंग्लैंड के खिलाफ एजबेस्टन टेस्ट में अच्छा प्रदर्शन किया और मेजबान टीम के 20 विकेट गिरा दिए। ये टेस्ट मैच चार दिन में ही खत्म हो गया था और इसमें भारत को 31 रन से हार का सामना करना पड़ा।

खिलाड़ियों को टीम से हटाने से पहले पूरा मौका दे- सौरव गांगुली

पहले टेस्ट मैच में भारतीय बल्लेबाजी विराट कोहली को छोड़कर पूरी तरह से लड़खड़ा गई। विराट को छोड़कर टीम का कोई भी बल्लेबाज 50 के स्कोर को भी पार नहीं कर पाया। गांगुली ने विराट की बल्लेबाजी की तारीफ की और उन्हें सलाह देते हुए कहा कि उन्हें अपने खिलाड़ियों पर और ज्यादा विश्वास करने की जरूरत है और उन्हें अंतिम ग्यारह में ज्यादा से ज्यादा मौके देने चाहिए। गांगुली ने कहा कि अगर भारतीय टीम को टेस्ट मैच जीतना है तो सभी को रन बनाना पड़ेगा। दूसरे बल्लेबाजों को भी शतक लगाना पड़ेगा। विराट ने इस मैच में अच्छी बल्लेबाजी की नहीं तो भारतीय टीम दूसरे दिन ही मैच से बाहर हो जाती।

इस हार के लिए टीम का कप्तान जिम्मेदार नहीं

गांगुली ने ये भी कहा कि इस हार के लिए भारतीय टीम का कप्तान जिम्मेदार नहीं है। अगर आप कप्तान हैं तो हार के वक्त आप टीम की कमी निकालेंगे ही और जीत मिलती है तो टीम को बधाई भी दोगे। विराट के लिए अच्छा यही रहेगा कि उन्हें अपने साथी खिलाड़ियों को टीम से हटाने से पहले पूरा मौका देना चाहिए। टीम के फेल होने का दोष आप स्विंग को नहीं दे सकते क्योंकि सबको अच्छी तरह से पता है कि इंग्लैंड में ऐसा होता है।

ये भी पढ़ें…Ind Vs SL: भारत ने 304 रन से जीता पहला टेस्ट मैच

कप्तान को खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाना होगा

सौरव गांगुली ने बताया कि कप्तान को अपने खिलाड़ियों का मनोबल और बढ़ाना चाहिए। ये विराट की टीम है और सिर्फ वहीं अकेले व्यक्ति हैं जो टीम की मनोदशा को बदल सकते हैं। उन्हें अपने खिलाड़ियों के साथ बैठना चाहिए और उनसे कहना चाहिए कि अगर वो ऐसा कर सकते हैं तो उन्हें करना चाहिए। उन्हें अपने खिलाड़ियों को वक्त देना चाहिए और कहना चाहिए कि आप जाओ और बिना डर के खेलो। ये सही है कि अगर आप टीम में लगातार बदलाव करोगे तो इससे अंतिम ग्यारह में शामिल होने वाले खिलाड़ियों के मन में डर बैठ सकता है कि इतने साल के बाद खेलने के बावजूद वो टीम मैनेजमेंट का भरोसा नहीं जीत पाए। गांगुली ने कहा कि मुरली विजय और अजिंक्य रहाणे को आगे आना चाहिए क्योंकि दोनों इंग्लिश कंडीशन में रन बना चुके हैं। ये पांच टेस्ट मैचों की सीरीज का पहला मुकाबला था और मुझे लगता है कि इस टीम में इतनी ताकत है कि वो कमबैक कर सकती है।