नई दिल्ली: सेक्स के समय अक्सर बहुत से स्त्री और पुरुष जोर-जोर से आवाजें निकालने लगते है। कई बार उन्हें भी नहीं पता होता कि आखिर वे ऐसा क्यों कर रहे है। वे बस आवाजें निकालते ही जाते है। सेक्शुअल संबंधों के दौरान आख़िर इस तरह की आवाज़ों का क्या अर्थ है? यहां हमने यही जानने की कोशिश की है। तो आइये जानते है क्या कहती है रिसर्च।

अपने हनीमून के तुरंत बाद का एक क़िस्सा याद करते हुए पूजा(काल्पनिक नाम) बताती हैं,‘‘हमें तो इस बात का तनिक भी आभास ही नहीं था कि सेक्स के दौरान हम वाक़ई बहुत ज़ोर से आवाज़ निकाल रहे हैं। जब हमारे बगल के कमरे से एक महिला ने आधी रात को दरवाजा नॉक किया और पूछा कि सब ठीक तो है? तब मुझें और मेरे पति को इस बात का एहसास हुआ कि ये आवाज़ें शायद कुछ ज़्यादा ही तेज़ रही होंगी।’’

क्या कहती है रिसर्च
सेक्स के दौरान निकाली जानेवाली आवाज़ों पर यूनिवर्सिटी ऑफ़ लैंकशायर और यूनिवर्सिटी ऑफ़ लीड्स के शोधों में पता चला है कि अक्सर महिलाएं ज़्यादा आवाज़ निकालती हैं और वे ऐसा इसलिए करती हैं, ताकि उनका साथी बेहतर ऑर्गैज़्म पा सके। 18 से 48 वर्ष की 71 सेक्शुअली सक्रिय महिलाओं पर किए गए इस शोध में यह भी सामने आया है कि महिलाओं को फ़ोरप्ले या दूसरी गतिविधियों के दौरान ऑर्गैज़्म प्राप्त हो जाता है और वे सेक्स के दौरान अपनी साथी को क्लाइमैक्स पर पहुंचाने के लिए आवाज़ें निकालती हैं।

शोध में 66 प्रतिशत महिलाओं ने माना कि आवाज़ें निकालने से उनके साथी का इजैकुलेशन जल्दी होता है। पार्टनर के जल्द इजैकुलेशन की चाहत के पीछे कई महिलाओं ने सेक्स के दरम्यान असहजता, दर्द, ऊब, तनाव और समय की कमी की बात भी कहीं। वहीं 92% ने माना कि आवाज़ें निकालने से सेक्शुअल गतिविधि के दौरान उनका और उनके पार्टनर का आत्मविश्वास बढ़ता है।

ये है मुख्य कारण
बायोमेडिकल साइंटिस्ट और सेक्सोलॉजिस्ट रॉय लेविन, ब्रिटेन, शेफ़ील्ड यूनिवर्सिटी, जिन्होंने मानव सेक्स और आवाज़ों के ऊपर सबसे ज़्यादा चर्चा की है, इन आवाज़ों के पीछे चार कारण बताते हैं:

आनंद को बढ़ाना: कुछ शोधकर्ताओं का मानना है कि अंतरंग पलों के समय ये आवाज़ें हम सेक्स से मिलनेवाली ख़ुशी की अनुभूति को बढ़ाने के लिए सहज ही निकालते हैं। इसे वैज्ञानिकों ने ‘हेडॉनिक ऐम्प्लिफ़िकेशन’ नाम दिया है।

केंद्रीय उत्तेजना की प्रणाली को मदद करना: लेविन का कहना है कि इन आवाज़ों के पीछे सूक्ष्म, गूढ़ चीज़ें भी हो सकती हैं। हो सकता है कि ये आवाज़ें हमारी उत्तेजना प्रणाली को स्पर्श, आवाज़ और हलचल आदि के संदेश भेजकर सेक्स की अंतिम परिणीति के लिए तैयार करती हों।

सूचना देना: हम जाने-अनजाने अपने साथी को इस बात की सूचना देना चाहते हैं कि जो चल रहा है उसे हम पसंद कर रहे हैं या फिर उनके स्पर्श से हम कैसा अनुभूत कर रहे हैं।
सेक्शुअल उत्तेजना को बढ़ाना: सेक्स के दौरान ख़ुद इन आवाज़ों को निकालना या फिर अपने साथी की आवाज़ों को सुनना आपकी सेक्शुअल उत्तेजना को बढ़ाता है।

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