गोंडा: योगीराज में अपराधी बेखौफ हैं। पुलिस मूक दर्शक बनी हुई है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि दबंगों ने एक व्‍यक्ति को बुरी तरह मार-पीट कर मरणासन्‍न कर दिया। लेकिन पुलिस ने मामूली धाराओं में मुकदमा दर्ज करके अपने कर्तव्‍यों की इतिश्री कर ली।

ताजा वाकया जिले के परसपुर थाना क्षेत्र का है। जहां बीते 18 जुलाई को करीब शाम पांच बजे परसपुर थाना क्षेत्र के गांव गोरछानपुरवा के रहने वाले ओमप्रकाश डीजल लेने ननगोडीपुरवा गया था। वहां दबंग जीवन का अमित नामक शख्‍स से झगड़ा हो रहा था। ओमप्रकाश के बीच बचाव करने पर दबंग जीवन ने अपने साथियों घनश्‍याम और पंकज के साथ मिलकर फरसे, चाकू, लाठी और डंडे से ओमप्रकाश पर ताबड़ तोड वार कर उसे मरणासन्‍न कर दिया।

पुलिस ने मामूली धाराओं में दर्ज किया केस

मरणासन्‍न ओमप्रकाश के रिश्‍तेदार प्रकाश सिंह पुत्र राममूर्ति सिंह ने बताया कि गांव के ही रहने वाले अमित कुमार की मदद से मरणासन्न अवस्था में उसको एंबुलेंस के द्वारा गोंडा ले जाया गया। जहां से उसको ट्रामा सेंटर लखनऊ के लिए रेफर कर किया दिया गया। यहां उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है, जबड़े टूट गए हैं। कई जगह चाकू से हमला किया गया है। लाठी डंडों से बहुत पीटा गया है।

ओमप्रकाश के पिता नाथू सिंह का कहना है कि एसओ परसपुर ने मामूली धाराओं में मुकदमा तो लिख लिया और दबंगों की गिरफ्तारी भी हो गई। उसके बाद ले-देकर मामला मैनेज करते हुए दबंग आरोपियों को छोड़ दिया गया। मामले में बरौली निवासी सह अभियुक्‍त पंकज मिश्रा ने धमकी दी है कि मुकदमा वापस नहीं लिया तो इस बार जान से मार देंगे। आज एसओ परसपुर  की  घोर लापरवाही एवं संवेदनहीनता के चलते ओमप्रकाश जिंदगी और मौत से ट्रामा सेंटर में लड़ रहा है और उधर अपराधी बेखौफ घूम रहे हैं।

वहीं इस मामले में जब पुलिस से संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उन्‍होंने फोन व्‍यस्‍त कर दिया।